अदालती आदेश के बाद सक्रिय हुआ प्रशासन, थल–सातसिंलिंग और थल–तेजम मार्ग होंगे मजबूत

पिथौरागढ़। केन्द्रीय सड़क अवस्थापना निधि के अंतर्गत जनपद के राज्य मार्गों के सुदृढ़ीकरण से जुड़े बहुप्रतीक्षित कार्य को लेकर बड़ी प्रगति हुई है। उच्च न्यायालय के आदेश के बाद प्रशासन हरकत में आ गया है और सड़क निर्माण कार्य शीघ्र शुरू होने जा रहा है।

परियोजना के तहत राज्य मार्ग संख्या–60 डंगोली–सैलानी–दाड़िमखेत–हड़वाड़–पन्द्रहपाली–वालीघाट–दोफाड़–धरमघर–कोटमन्या–पांखू–थल–सातसिंलिंग मार्ग पर थल से सातसिंलिंग तक किलोमीटर 132.540 से 181.940 तक कुल 49.400 किलोमीटर तथा राज्य मार्ग संख्या–11 थल–तेजम मार्ग पर किलोमीटर 152.00 से 173.50 तक कुल 21.500 किलोमीटर लंबाई में बीएम एवं बीसी द्वारा सुदृढ़ीकरण कार्य प्रस्तावित है।

इस महत्वाकांक्षी योजना की कुल स्वीकृत लागत 5708.47 लाख रुपये है। कार्यदायी संस्था जीडीएस इन्फ्रास्ट्रक्चर, पिथौरागढ़ है। कार्य की शुरुआत 02 सितम्बर 2025 को हुई थी, लेकिन 16 सितम्बर 2025 को उच्च न्यायालय उत्तराखण्ड द्वारा स्थगन आदेश जारी किए जाने के कारण कार्य रोक दिया गया था।

प्रकरण की सुनवाई 6 जनवरी को हुई, जिसके आदेश 8 जनवरी को प्राप्त हुए। न्यायालय ने पूर्व में दिए गए ‘सभी कार्यवाहियों पर रोक’ के आदेश को सशर्त संशोधित करते हुए सफल निविदादाता को दो करोड़ रुपये की सावधि जमा छह माह के लिए रजिस्ट्रार जनरल, उत्तराखण्ड उच्च न्यायालय के नाम जमा करने के निर्देश दिए थे। निर्धारित समयावधि में यह राशि जमा कर दी गई है, जिसके बाद ठेकेदार को पुनः सड़क निर्माण कार्य शुरू करने की अनुमति प्रदान कर दी गई।

इस संबंध में जिलाधिकारी आशीष भटगांई ने लोक निर्माण विभाग के अधिकारियों के साथ कार्य की समीक्षा करते हुए सुदृढ़ीकरण कार्य तत्काल शुरू कराने के निर्देश दिए। उन्होंने स्पष्ट कहा कि गुणवत्ता से किसी भी प्रकार का समझौता नहीं किया जाएगा और सभी कार्य तय समयसीमा में पूरे किए जाएँ।

जिलाधिकारी ने लोक निर्माण विभाग को नियमित निगरानी, प्रगति रिपोर्ट प्रस्तुत करने और पारदर्शिता बनाए रखने के निर्देश दिए हैं। न्यायालय के आदेशों के अनुपालन में ठेकेदार द्वारा निर्माण सामग्री, श्रमिकों तथा मशीनरी की व्यवस्था की जा रही है। सभी औपचारिकताएँ पूरी होते ही सड़क सुदृढ़ीकरण का कार्य शुरू होगा, जिससे क्षेत्र की यातायात व्यवस्था बेहतर होगी और स्थानीय लोगों को बड़ी राहत मिलेगी।