डीएम सख्त: मासिक स्टाफ बैठक में लंबित वादों, वसूली और कानून-व्यवस्था पर कड़े निर्देश

पिथौरागढ़। जिलाधिकारी आशीष भटगांई की अध्यक्षता में कलेक्ट्रेट सभागार में मासिक स्टाफ बैठक आयोजित की गई। बैठक का उद्देश्य जनपद की प्रशासनिक व्यवस्था को सुदृढ़ करना, विकास कार्यों की प्रगति की समीक्षा करना तथा जनसुविधाओं को समयबद्ध रूप से उपलब्ध कराना रहा। बैठक में राजस्व, परिवहन, आबकारी, पूर्ति, पुलिस, लोक निर्माण, सहकारिता, सामाजिक कल्याण, योजना एवं वित्त विभागों के वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित रहे।

बैठक की शुरुआत राजस्व विभाग की समीक्षा से की गई। जिलाधिकारी ने तहसील स्तर पर लंबित वादों की जानकारी लेते हुए निर्देश दिए कि पुराने मामलों का प्राथमिकता के आधार पर निस्तारण किया जाए। बड़े बकायेदारों के विरुद्ध कठोर कार्रवाई कर राजस्व वसूली में अपेक्षित प्रगति लाने को कहा गया। तहसीलवार समीक्षा में गंगोलीहाट तहसील में वसूली प्रतिशत कम पाए जाने पर संबंधित तहसीलदार को एक सप्ताह में सुधार लाने के निर्देश दिए गए।

समन तामील, वारंट, रिकवरी प्रमाणपत्र एवं कुर्की आदेशों की समीक्षा करते हुए डीएम ने कहा कि न्यायालयीन आदेशों का समयबद्ध अनुपालन अनिवार्य है। शत-प्रतिशत समन तामील सुनिश्चित करने तथा असफल मामलों में अधिकारियों को स्वयं मौके पर जाकर कार्रवाई करने के निर्देश दिए गए। पुलिस व राजस्व विभाग के बीच बेहतर समन्वय स्थापित कर वारंट व रिकवरी की कार्रवाई प्रभावी बनाने पर भी जोर दिया गया।

अवैध शराब की रोकथाम के लिए आबकारी एवं पुलिस विभाग को संयुक्त अभियान चलाने के निर्देश दिए गए। आगामी वनाग्नि सीजन को देखते हुए उपजिलाधिकारियों को पूर्व तैयारी सुनिश्चित करने को कहा गया। एग्रीस्टैक योजना, आपदा पुनर्वास कार्यों तथा निर्माणाधीन भवनों की भी समीक्षा की गई और कार्यों को गुणवत्ता के साथ समय पर पूरा करने के निर्देश दिए गए।

सड़क सुरक्षा को लेकर परिवहन, लोक निर्माण और पुलिस विभाग को दुर्घटना संभावित स्थलों पर साइनेज, चेतावनी बोर्ड एवं रिफ्लेक्टर लगाने को कहा गया। पूर्ति विभाग को मार्च तक सभी उचित मूल्य दुकानों में खाद्यान्न की उपलब्धता सुनिश्चित करने तथा संभावित आपदा को देखते हुए अग्रिम भंडारण रखने के निर्देश दिए गए।

डीएम ने कानून-व्यवस्था, पेंशन प्रकरण, लेखा आपत्तियां, सूचना का अधिकार अधिनियम, चरित्र सत्यापन, मुख्यमंत्री कार्यालय एवं शासन न्यायालय से प्राप्त संदर्भों के शीघ्र निस्तारण पर विशेष जोर दिया। सीएम हेल्पलाइन एवं सेवा अधिकार अधिनियम के अंतर्गत दर्ज शिकायतों का गुणवत्तापूर्ण समाधान समयसीमा में करने के निर्देश भी दिए गए।

बैठक में अपर जिलाधिकारी योगेंद्र सिंह, एसडीएम सदर जितेंद्र वर्मा, एसडीएम डीडीहाट खुशबु पांडेय, एसडीएम बेरीनाग आशीष जोशी सहित अन्य अधिकारी मौजूद रहे।