पिथौरागढ़। वर्ष 2047 तक प्रदेश को विकसित राज्य बनाने के उद्देश्य से तैयार किए जा रहे “विकसित उत्तराखण्ड विजन 2047” के तहत जिलाधिकारी आशीष भटगांई की अध्यक्षता में जिला कार्यालय सभागार में बैठक आयोजित हुई। इसमें 27 फरवरी को प्रस्तावित मण्डल स्तरीय कार्यशाला की तैयारियों और कार्ययोजना पर चर्चा की गई।

अधिकारियों को बताया गया कि विजन दस्तावेज अर्थव्यवस्था एवं रोजगार, आधारभूत संरचना, शिक्षा-स्वास्थ्य, वन एवं पर्यावरण, स्थानीय स्वशासन तथा वित्त, सुरक्षा और न्याय जैसे छह प्रमुख क्षेत्रों पर आधारित होगा। 23 से 28 फरवरी के बीच कुमाऊँ व गढ़वाल मण्डल में कार्यशालाएँ आयोजित की जाएंगी।
कार्यशाला में जनपद स्तर पर एसडब्ल्यूओटी विश्लेषण के आधार पर वर्ष 2030 से 2050 तक के लक्ष्य तय किए जाएंगे। चार कार्यदल गठित कर ठोस एवं क्रियान्वयन योग्य सुझाव तैयार किए जाएंगे, जिनकी समेकित रिपोर्ट शासन को भेजी जाएगी।
जिलाधिकारी ने सभी विभागों को समन्वित और परिणामोन्मुख दृष्टिकोण अपनाने के निर्देश दिए। बैठक में जिला विकास अधिकारी, मुख्य चिकित्सा अधिकारी सहित अन्य अधिकारी उपस्थित रहे।
