पिथौरागढ़। राज्यपाल लेफ्टिनेंट जनरल गुरमीत सिंह (से. नि.) आज एक दिवसीय दौरे पर पिथौरागढ़ पहुंचे। नैनी-सैनी हवाई अड्डे पर जिलाधिकारी आशीष कुमार भटगांई ने पुष्पगुच्छ भेंट कर उनका स्वागत किया। इस दौरान पुलिस अधीक्षक अक्षय कोंडे, अपर जिलाधिकारी योगेंद्र सिंह व उपजिलाधिकारी जीतेन्द्र वर्मा सहित अन्य अधिकारियों ने भी राज्यपाल का अभिनंदन किया। पुलिस विभाग द्वारा उन्हें गार्ड ऑफ ऑनर प्रदान किया गया।

राज्यपाल ने हवाई अड्डा परिसर में ग्राम्य विकास, पर्यटन, जिला उद्योग केंद्र व “हाउस ऑफ हिमालयाज” समेत विभिन्न विभागों के स्टालों का निरीक्षण किया। उन्होंने स्थानीय उत्पादों की पैकेजिंग की सराहना करते हुए महिलाओं की बढ़ती आय पर प्रसन्नता जताई और डिजिटल माध्यमों के जरिए उत्पादों को बड़े बाजार तक पहुंचाने पर जोर दिया। इस दौरान उन्होंने विभिन्न विभागों के अधिकारियों से परिचय प्राप्त किया तथा बच्चों से संवाद कर उन्हें लक्ष्य प्राप्ति के लिए प्रेरित किया।
इसके बाद राज्यपाल ने जनपद में संचालित विकास योजनाओं की समीक्षा करते हुए निर्देश दिए कि जनकल्याणकारी योजनाओं का लाभ पात्र व्यक्तियों तक समयबद्ध और प्रभावी ढंग से पहुंचाया जाए। उन्होंने ग्रामीण विकास और आत्मनिर्भरता के लिए पारदर्शी क्रियान्वयन को आवश्यक बताया।

दौरे के दौरान राज्यपाल लेफ्टिनेंट जनरल गुरमीत सिंह ने पंचशूल ब्रिगेड की 12 कुमाऊं में आयोजित भूतपूर्व सैनिक रैली में भी प्रतिभाग किया। यहां उनके स्वागत में वरिष्ठ सैन्य अधिकारियों की मौजूदगी रही। उन्होंने जोरावर साइकिल रैली का समापन करते हुए प्रतिभागियों का उत्साहवर्धन किया और वीर नारियों व पूर्व सैनिकों को सम्मानित किया।
राज्यपाल ने अपने संबोधन में कहा कि भारतीय सेना का प्रत्येक जवान एक नेतृत्वकर्ता होता है, जो समाज में सकारात्मक बदलाव ला सकता है। उन्होंने पिथौरागढ़ मिलिट्री स्टेशन को उत्कृष्ट बताते हुए कहा कि यहां पर्यटन की अपार संभावनाएं हैं। उन्होंने बताया कि इस वर्ष करीब 40 हजार पर्यटक पिथौरागढ़ पहुंचे हैं और आने वाले समय में यह संख्या लाखों तक पहुंच सकती है।
उन्होंने पिथौरागढ़ को “महादेव की पवित्र धरती” बताते हुए आदि कैलाश और ओम पर्वत जैसे धार्मिक स्थलों का उल्लेख किया। साथ ही “वाइब्रेंट विलेज” योजना की सराहना करते हुए शहद, सुगंधित उत्पाद और श्री अन्न के क्षेत्र में हो रही प्रगति को स्थानीय अर्थव्यवस्था के लिए महत्वपूर्ण बताया।
राज्यपाल ने सेवानिवृत्त सैनिकों को होम-स्टे संचालन के लिए प्रेरित करते हुए महिलाओं से स्वयं सहायता समूहों से जुड़कर स्वरोजगार अपनाने का आह्वान किया। उन्होंने “वन रैंक वन पेंशन” योजना के लिए केंद्र सरकार का आभार जताया और स्वर्गीय जनरल बी.सी. जोशी के योगदान को याद किया।
जिलाधिकारी आशीष कुमार भटगांई की कार्यशैली की सराहना करते हुए राज्यपाल ने उन्हें कुशल प्रशासक बताया। अंत में राज्यपाल ने जनपदवासियों के सुख, समृद्धि और प्रगति की मंगलकामना करते हुए भगवान भोलेनाथ से आशीर्वाद मांगा और पिथौरागढ़ के उज्ज्वल भविष्य के प्रति विश्वास जताते हुए अपने कार्यक्रम का गरिमामय समापन किया।
