राज्य वित्त आयोग की दो टूक- निकाय अब सरकारी ग्रांट के भरोसे न रहें, टैक्स कलेक्शन ऑनलाइन कर अपनी आय खुद बढ़ाएं

पिथौरागढ़। जिले की सूरत अगले 20 सालों में पूरी तरह बदलने वाली है। शहरों में बढ़ती आबादी और अनियंत्रित ट्रैफिक के दबाव को देखते हुए अब विकास कार्य कामचलाऊ तरीके से नहीं, बल्कि विज्ञान आधारित फार्मूले पर होंगे। आज विकास भवन में हुई छठे राज्य वित्त आयोग की समीक्षा बैठक में अध्यक्ष एन. रवि शंकर ने साफ कर दिया कि पिथौरागढ़ और आसपास के नगरों के लिए वर्ष 2045 की जरूरतों को ध्यान में रखकर ‘जीआईएस आधारित मास्टर प्लान’ तैयार किया जाएगा।
आयोग के अध्यक्ष एन. रवि शंकर ने बैठक में मौजूद अधिकारियों और जनप्रतिनिधियों को वित्तीय अनुशासन का कड़ा पाठ भी पढ़ाया। उन्होंने स्पष्ट कहा कि निकाय और पंचायतें सिर्फ सरकारी ग्रांट के भरोसे न बैठें, बल्कि अपनी आय के स्रोत खुद पैदा करें। टैक्स कलेक्शन की पुरानी मैनुअल व्यवस्था को खत्म कर इसे पूरी तरह हाईटेक और ऑनलाइन बनाने के निर्देश दिए गए हैं, ताकि सिस्टम में पारदर्शिता आए और आय बढ़े। इस दौरान मेयर कल्पना देवलाल ने नगर निगम द्वारा किए जा रहे नवाचारों की जानकारी दी और आयोग की टीम को सम्मानित किया।
बैठक में सबसे सुखद और बड़ा फैसला युवाओं के भविष्य को लेकर आया। जिले में पब्लिक लाइब्रेरी की भारी कमी को देखते हुए अध्यक्ष रवि शंकर ने एक अनूठा मॉडल पेश किया। उन्होंने निर्देश दिए कि राजकीय विद्यालयों की इमारतों का उपयोग स्कूल समय के बाद ‘पब्लिक लाइब्रेरी’ के रूप में किया जाए। इससे न तो अलग से भवन बनाने का खर्च आएगा और न ही संसाधन कम पड़ेंगे, वहीं छात्रों को पढ़ने के लिए शाम को भी एक बेहतर माहौल मिल सकेगा। प्रशासन को इस पर तत्काल कार्रवाई करने को कहा गया है।
इसके अलावा पिथौरागढ़ शहर के लिए सिटी बस सेवा शुरू करने और पहाड़ों के लिए मुसीबत बने पिरुल (चीड़ की पत्तियां) से ब्रिकेटिंग (ईंधन) बनाने की क्षमता बढ़ाने पर भी लंबी चर्चा हुई। आयोग ने ग्रामीण क्षेत्रों में कूड़ा निस्तारण को लेकर चिंता जताई और कहा कि इसके लिए केवल मशीनें नहीं, बल्कि जन-सहभागिता जरूरी है। गांवों में ठोस अपशिष्ट प्रबंधन के लिए अब व्यापक जागरूकता अभियान चलाया जाएगा।
बैठक में आयोग के सदस्य पी.एस. जंगपांगी और डॉ. एम.सी. जोशी के अलावा बेरीनाग नगर पालिका अध्यक्ष हेमवती पंत, धारचूला नगर पालिका अध्यक्ष शशि थापा, गंगोलीहाट नगर पालिका अध्यक्ष विमल कुमार सिंह रावल, डीडीओ रमा गोस्वामी और डीपीआरओ हरीश आर्या समेत कई पार्षद व विभागीय अधिकारी मौजूद रहे।
