बागेश्वर। केंद्र सरकार द्वारा गठित उच्च-स्तरीय अंतर-मंत्रालयी केंद्रीय टीम (आईएमसीटी ) ने आज बागेश्वर जिले के आपदा प्रभावित क्षेत्रों का दौरा किया। टीम ने हाल ही में भूमि धंसाव और भूस्खलन से प्रभावित हुए हड़बाड़ क्षेत्र का निरीक्षण किया, जहाँ सात परिवार प्रभावित हुए हैं। इन परिवारों को जिला प्रशासन द्वारा सुरक्षित स्थानों, जैसे स्थानीय स्कूल और आंगनबाड़ी केंद्र, में स्थानांतरित कर दिया गया है। उन्हें आवश्यक राहत सामग्री भी प्रदान की गई है, और उनके विस्थापन की प्रक्रिया तेजी से चल रही है।
सड़क और बिजली स्टेशन का भी हुआ निरीक्षण
केंद्रीय टीम ने डंगोली-बालीघाट मोटर मार्ग का भी निरीक्षण किया, जहाँ किलोमीटर 32 और 34 पर सड़क धंस रही है। टीम ने लोक निर्माण विभाग को सड़क की मरम्मत करते समय पानी की निकासी पर विशेष ध्यान देने का निर्देश दिया। इसके अलावा, टीम ने पिटकुल क्षेत्र का भी दौरा किया, जहाँ मलबे के कारण 132 केवी सर्विस स्टेशन को भारी नुकसान पहुंचा है।
नुकसान का आकलन और राहत कार्यों की समीक्षा
केंद्रीय टीम ने आपदा से हुए नुकसान का आकलन किया और राज्य सरकार तथा जिला प्रशासन द्वारा चलाए जा रहे राहत और पुनर्वास कार्यों की जानकारी ली। जिलाधिकारी आशीष भटगांई ने टीम को आपदा की स्थिति, बचाव कार्यों की प्रगति और विभिन्न विभागों को हुए नुकसान का विस्तृत विवरण दिया। उन्होंने टीम के सामने विभागवार हानि का एक संक्षिप्त प्रेजेंटेशन भी प्रस्तुत किया।
टीम का मुख्य उद्देश्य आपदा से जन-धन, बुनियादी ढाँचे, कृषि और स्थानीय आजीविका को हुए नुकसान का आकलन करना था। टीम ने प्रभावित क्षेत्रों को आवश्यक सहायता प्रदान करने के लिए हर संभव प्रयास करने का आश्वासन दिया। निरीक्षण के दौरान मुख्य विकास अधिकारी आर.सी. तिवारी, अपर जिलाधिकारी एन.एस. नबियाल, उप जिलाधिकारी प्रियंका रानी और अन्य संबंधित अधिकारी भी मौजूद रहे।

