पिथौरागढ़। उत्तराखंड राज्य महिला आयोग की ओर से 9 से 13 मार्च तक आयोजित महिला जनसुनवाई कार्यक्रम के तहत आज विकास भवन सभागार में जनसुनवाई आयोजित की गई। इस दौरान आयोग की सदस्य रचना जोशी और किरण देवी मौजूद रहीं।

जनसुनवाई में कुल 18 महिलाओं ने आयोग के समक्ष अपनी शिकायतें रखीं। इनमें से 9 शिकायतें नई पंजीकृत की गईं, जबकि अन्य मामलों में पूर्व में दर्ज शिकायतों पर सुनवाई की गई। सामने आए अधिकांश मामले घरेलू हिंसा और भरण-पोषण से जुड़े थे। आयोग की सदस्यों ने सभी मामलों को गंभीरता से सुनते हुए संबंधित अधिकारियों से विस्तृत जानकारी ली।
इस अवसर पर महिला सशक्तिकरण एवं बाल विकास विभाग, परिवीक्षा विभाग, पुलिस विभाग के अधिकारियों तथा जिला न्यायालय के अधिवक्ताओं के साथ विचार-विमर्श किया गया। आयोग की सदस्यों ने अधिकारियों को मामलों का शीघ्र और प्रभावी निस्तारण सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। साथ ही जिन मामलों की सुनवाई न्यायालय में चल रही है, उनके संबंध में भी जानकारी प्राप्त की गई।
आयोग की सदस्यों ने अधिवक्ताओं को निर्देशित किया कि न्यायालय द्वारा पारित निर्णयों की प्रमाणित प्रति राज्य महिला आयोग को भी उपलब्ध कराई जाए, ताकि मामलों की निरंतर निगरानी की जा सके।
इस दौरान आयोग की सदस्यों ने कहा कि महिलाओं के अधिकारों की रक्षा और उन्हें न्याय दिलाने के लिए राज्य महिला आयोग पूरी प्रतिबद्धता के साथ कार्य कर रहा है।
