देवभूमि टुडे न्यूज| चम्पावत। जिलाधिकारी मनीष कुमार ने आज राज्य के प्रथम महिला स्पोर्ट्स कॉलेज का निरीक्षण कर वहां उपलब्ध खेल, आवास एवं अन्य सुविधाओं का जायजा लिया। इस दौरान उन्होंने प्रदेश के विभिन्न जनपदों से चयनित 30 में से उपस्थित 27 बालिका खिलाड़ियों से संवाद कर उनका हालचाल जाना और प्रशिक्षण सहित अन्य व्यवस्थाओं की जानकारी ली।

जिलाधिकारी ने खिलाड़ियों से हॉस्टल, भोजन, प्रशिक्षण एवं खेल परिसर की व्यवस्थाओं के बारे में जानकारी प्राप्त की। बालिकाओं ने गुणवत्तापूर्ण प्रशिक्षण, बेहतर आवास और भोजन की व्यवस्था पर संतोष व्यक्त किया। इस दौरान जिलाधिकारी ने खिलाड़ियों का उत्साहवर्धन करते हुए अनुशासन, समर्पण और नियमित अभ्यास के साथ उत्कृष्ट प्रदर्शन कर प्रदेश और देश का नाम रोशन करने के लिए प्रेरित किया।
निरीक्षण के दौरान उन्होंने मेस में भोजन की गुणवत्ता, स्वच्छता, स्मार्ट क्लासरूम, हॉस्टल तथा खेल परिसर का भी निरीक्षण किया। परिसर में साफ-सफाई एवं सुव्यवस्थित व्यवस्थाओं की सराहना करते हुए संबंधित अधिकारियों को इन्हें निरंतर बनाए रखने के निर्देश दिए।
डीएम ने जिला क्रीड़ा अधिकारी चन्दन बिष्ट को निर्देश दिए कि प्रशिक्षण के साथ खिलाड़ियों को चम्पावत के प्रमुख ऐतिहासिक, धार्मिक एवं पर्यटन स्थलों का भ्रमण भी कराया जाए, ताकि वे जिले की समृद्ध सांस्कृतिक एवं प्राकृतिक विरासत से परिचित हो सकें। साथ ही बालिकाओं के विद्यालय आवागमन को सुगम बनाने के लिए एक से दो दिन के भीतर बस की व्यवस्था सुनिश्चित करने के निर्देश भी दिए।
उन्होंने कहा कि खेल केवल प्रतियोगिता का माध्यम नहीं, बल्कि व्यक्तित्व विकास, अनुशासन और आत्मविश्वास का भी सशक्त आधार है। राज्य सरकार खिलाड़ियों को बेहतर प्रशिक्षण और आधुनिक सुविधाएं उपलब्ध कराने के लिए निरंतर प्रयासरत है।
निरीक्षण के दौरान उपजिलाधिकारी लोहाघाट नीतू डांगर, जिला क्रीड़ा अधिकारी चन्दन बिष्ट, खेल विभाग के अधिकारी, कर्मचारी एवं कोच मौजूद रहे।
