पेयजल संकट से निपटने को चंडिका घाट पंपिंग योजना 16 घंटे चलेगी

DTN पिथौरागढ़। जिले में बढ़ती गर्मी और पेयजल की बढ़ती मांग को देखते हुए प्रशासन ने चंडिका घाट पंपिंग योजना के संचालन की अवधि बढ़ाने का निर्णय लिया है। जिलाधिकारी आशीष कुमार भटगांई ने अधिकारियों को निर्देश दिए हैं कि योजना के तहत संचालित पंप को प्रतिदिन 16 घंटे तक चलाया जाए, ताकि शहर और आसपास के क्षेत्रों में निर्बाध पेयजल आपूर्ति सुनिश्चित की जा सके।

कलेक्ट्रेट सभागार में आयोजित समीक्षा बैठक में जिलाधिकारी ने विद्युत यांत्रिक खंड के अधिकारियों से पंप संचालन की वर्तमान स्थिति की जानकारी ली। अधिकारियों ने बताया कि वर्तमान में पंप का संचालन प्रतिदिन लगभग 11 से 12 घंटे किया जा रहा है। इस पर जिलाधिकारी ने कहा कि योजना का मूल डिजाइन 16 घंटे संचालन के आधार पर तैयार किया गया है, इसलिए इसे निर्धारित क्षमता के अनुरूप संचालित किया जाना जरूरी है।

उन्होंने कहा कि गर्मी के मौसम में पानी की मांग बढ़ जाती है और ऐसे समय में जलापूर्ति व्यवस्था में किसी प्रकार की बाधा नहीं आनी चाहिए। इसके लिए पंप संचालन की अवधि तत्काल प्रभाव से बढ़ाई जाए।

जिलाधिकारी ने संबंधित अधिकारियों को पंपिंग योजना, विद्युत आपूर्ति तथा तकनीकी व्यवस्थाओं की नियमित निगरानी करने के निर्देश भी दिए। उन्होंने कहा कि आम लोगों को पर्याप्त पेयजल उपलब्ध कराना प्रशासन की प्राथमिकता है और इसमें किसी प्रकार की लापरवाही स्वीकार नहीं की जाएगी।

बैठक में अधिशासी अभियंता जल निगम पी.एन. चौधरी, अधिशासी अभियंता विद्युत यांत्रिक खंड अल्मोड़ा सुनील कुमार, सहायक अभियंता अरविंद नेगी तथा कबिंद्र बिष्ट सहित अन्य अधिकारी उपस्थित रहे।